रांची: आपके घर से कूड़ा उठा या नहीं इसकी जानकारी देगी स्मार्ट मशीन

Smart News Team, Last updated: 04/12/2020 09:22 AM IST
  • प्रत्येक रेडिया फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन मशीन का यूनिक आइडेंटिफिकेशन नंबर होगा. वहीं निगम के सफाईकर्मी के पास आईकार्ड की तरह एक चीप लगा कार्ड होगा. घर से कचरा लेने के बाद सफाईकर्मी कार्ड जैसे मशीन के पास ले जाएगा, मशीन लाल से हरा सिग्नल देने लगेगा और यह सिग्नल नगर निगम के कंट्रोलरूम तक पहुंच जाएगा.
रांची: आपके घर से कूड़ा उठा या नहीं इसकी जानकारी देगी स्मार्ट मशीन

रांची: आज क्या आपके घर से कूड़ा उठा है कि नहीं, अब इसकी जानकारी रांची नगर निगम को रेडिया फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन मशीन (आरएफआईडी) देगी. नगर निगम का कर्मचारी जैसे ही आपके घर से कूड़ा उठाएगा, और आरएफआईडी के सामने अपना यूनिक आइडेंटीफिकेशन कार्ड दिखाएगा मशीन में हरी बत्ती जलने लगेगी और इसकी जानकारी नगर निगम के कंट्रोलरूम को पहुंच जाएगी. घर-घर कचरा उठाने को और बेहतर बनाने के लिए रांची नगर निगम नई पहल करने जा रहा है. इसके लिए रांची नगर निगम ने दिल्ली की कंपनी सेंटर फॉर डेवलपमेंट ट्रस्ट (सीडीसी ट्रस्ट) से करार किया है. उम्मीद है कि जनवरी से सीडीसी ट्रस्ट रांची नगर निगम क्षेत्र में काम करने लगेगा. एक घर का कचरा उठाने के लिए निगम कंपनी को हर माह 25 रुपए का भुगतान करेगा. वर्तमान में सीडीसी ट्रस्ट बड़ौदा, जूनागढ़, चंद्रपुर महाराष्ट्र और जयपुर नगर निगम के साथ इस पद्धति से काम कर रहा है. रांची नगर निगम ने प्राइमरी कचरा कलेक्शन (डोर-टू-डोर) के लिए निविदा निकाली थी, जिसमें तीन कंपनियों शामिल हुई थीं.

कंपनी प्रत्येक घर में लगाएगी मशीन

डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन को बेहतर बनाने के लिए कंपनी हर घर में रेडिया फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन मशीन इंस्टॉल करेगी. इसके लिए लोगों को किसी तरह का शुल्क नहीं देना होगा. निगम के आंकड़े के मुताबिक नगर निगम क्षेत्र में दो लाख से अधिक लोग होल्डिंग टैक्स देते हैं. संभावना है कि शुरुआत में कंपनी कम से कम दो लाख हाउस होल्ड के यहां मशीन इंस्टॉल करेगी.

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मशीन के काम करने का तरीका क्या है ?

प्रत्येक रेडिया फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन मशीन का यूनिक आइडेंटिफिकेशन नंबर होगा. वहीं निगम के सफाईकर्मी के पास आईकार्ड की तरह एक चीप लगा कार्ड होगा. घर से कचरा लेने के बाद सफाईकर्मी कार्ड जैसे मशीन के पास ले जाएगा, मशीन लाल से हरा सिग्नल देने लगेगा और यह सिग्नल नगर निगम के कंट्रोलरूम तक पहुंच जाएगा. इससे निगम को पता लग जाएगा कि रोजाना कितने घरों से कचरे उठाया गया.

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घर पर ही गीला और सूखा कचरा अलग कर देना होगा

लोगों को अपने घर में गीला और सूखा कचरे के लिए अलग-अलग कूड़ेदान रखना होगा. घर से ही सफाईकर्मी गीला और सूखा कचरा अलग-अलग लेगा. इसके बाद निगम के कचरा वाहन में भी गीला और सूखा कचरा अलग-अलग रखा जाएगा, ताकि घरों से निकलने वाले कचरे को कचरा ट्रांसफर स्टेशन (एमटीएस) में अलग-अलग न करना पड़े.

जनवरी से रांची में काम करने लगेगी कंपनी

सीडीसी ट्रस्ट जनवरी से काम करने लगेगा. कंपनी और निगम के बीच 10 दिनों के अंदर एग्रीमेंट हो जाएगा. इसके बाद निगम कंपनी को 150 के करीब कचरा वाहन सौंप देगा. इसके बाद कंपनी गीला व सूखा कचरा रखने के लिए वाहनों में अलग-अलग बॉक्स बनाएगी.

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हर माह देना होगा 80 रुपए कचरा यूजर चार्ज

प्रत्येक घर से डोर-टू-डोर कचरा उठाव के लिए रांची नगर निगम हर माह 80 रुपए कचरा यूजर चार्ज लेगा. वर्तमान में भी निगम 80 रुपए ही कचरा यूजर चार्ज लेता है, निगम ने इसमें कोई बदलाव नहीं किया है. इसके अलावा होटल, धर्मशाला, बैंक्वेट हॉल, लॉज, हॉस्टल, सरकारी कार्यालय, निजी दफ्तर, रेस्टोरेंट व प्रतिष्ठानों से निगम पुराना कचरा यूजर चार्ज ही लेगा. नगर विकास विभाग ने वर्ष 2016 में नगर निकायों के लिए कचरा यूजर्र चार्ज की दर निर्धारित की थी.

 

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