भारत माला प्रोजेक्ट के तहत झारखंड में बनेंगे दो नए एक्सप्रेस-वे

Smart News Team, Last updated: 07/12/2020 07:44 PM IST
  • एक एक्सप्रेस-वे की लंबाई 707 किलोमीटर होगी जो छत्तीसगढ़ के रायपुर से बिलासपुर-गुमला-रांची-बोकारो होते हुए धनबाद तक और दूसरा एक्सप्रेस-वे 146 किलोमीटर लंबा होगा और ओड़िशा के संबलपुर से रांची तक इसका निर्माण होगा.
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रांची. भारत माला प्रोजेक्ट के तहत झारखंड में दो नए एक्सप्रेस-वे बनेंगे. भारत सरकार की ओर से शुरू किए गए ‘भारत माला प्रोजेक्ट’ के तहत इनका निर्माण कराया जाएगा. राष्ट्रीय राजमार्ग विकास परियोजना का उद्देश्य 2022 तक एक्सप्रेस-वे नेटवर्क का विस्तार करके अतिरिक्त 18636 किमी एक्सप्रेस-वे जोड़ने का है. सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के तहत संचालित राष्ट्रीय एक्सप्रेस-वे प्राधिकरण, एक्सप्रेस-वे के निर्माण और रखरखाव का प्रभारी होगा. इसी विकास परियोजना के तहत सरकारी की ओर से दोनों एक्सप्रेस-वे ‘ग्रीन फील्ड प्रोजेक्ट’ के रूप में तैयार किए जाने की तैयारी है. इनमें से एक एक्सप्रेस-वे 707 किलोमीटर लंबा होगा जो छत्तीसगढ़ के रायपुर से बिलासपुर-गुमला-रांची-बोकारो होते हुए धनबाद तक बनाया जाएगा. ओरमांझी से बोकारो तक की सड़क ग्रीन फील्ड प्रोजेक्ट में शामिल है. 

दूसरे एक्सप्रेस-वे की लंबाई 146 किलोमीटर होगी और यह ओड़िशा के संबलपुर से रांची तक बनाया जाएगा. इसके तहत ग्रीन फील्ड प्रोजेक्ट की लंबाई करीब 146.2 किमी होगी. ग्रीन फील्ड प्रोजेक्ट के तहत जिन सड़कों को बनाने का प्रावधान है, वह पूरी तरह नई होंगी. इनमें कहीं पर फोरलेन और कहीं सिक्सलेन सड़कों को बनाया जाएगा. 

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जानकारी के मुताबिक दोनों योजनाओं को शुरू करने संबंधी तमाम फार्मेलेटिज को पूरा कर लिया गया है. जल्दी ही इस एनएचआई के निर्माण कार्य को आगे बढ़ाया जाएगा. ग्रीन फील्ड प्रोजेक्ट के तहत सड़कें खेत-खलिहान से होती हुई सीधी बनाई जाएंगी. इसके निर्माण में रिजर्व फॉरेस्ट को किसी तरह की क्षति नहीं पहुंचाई जाएगी. इसके लिए ज्यादातर सरकारी भूमि या कृषि भूमि की जरूरत पड़ती है, इसलिए जमीन अधिग्रहण में ज्यादा परेशानी नहीं होती है. कृषि भूमि होने के कारण मुआवजा राशि भी कम होती है.

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