मुख्तार के करीबी मेराज ने किया सेरेंडर, फर्जी शस्त्र लाइसेंस मामलें में था फरार

Smart News Team, Last updated: 04/10/2020 01:03 AM IST
  • मुख्तार के करीबी मेराज ने पुलिस चौकी पहुंचाकर सरेंडर कर दिया. पुलिस महीने भर से ढूंढ रही थी. करीबियों की गिरफ्तारी के बाद खुद ही समर्पण कर दिया.
मुख्तार के करीबी मेराज ने किया सेरेंडर, फर्जी शस्त्र लाइसेंस मामलें में था फरार

वाराणसी: मुन्ना बजरंगी गैंग का एक्टिव मेंम्बर और मऊ विधायक मुख्तार अंसारी के करीबी मेराज अहमद ने शनिवार सुबह करीब 10 बजे जैतपुरा थाने की सरैया चौकी पर अपने भाई व समर्थकों के साथ आत्मसमर्पण कर दिया. पुलिस के मुताबिक वह शस्त्र लाइसेंस के फर्जी नवीनीकरण के आरोप में करीब महीने भर से फरार चल रहा था. इसके साथ ही शनिवार को ही पुलिस ने मेराज की संपत्ति कुर्क करने के लिए अदालत में प्रार्थना पत्र भी दिया है. 

जानकारी के मुताबिक मेराज अहमद के पुलिस चौकी पर पहुंचने की खबर अधिकारियों को दी गई जिसके बाद थाने पर लाकर पूछताछ की गई और गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया. इस मामले में एसएसपी अमित पाठक ने शाम को यातायात विभाग के सभागार में बताया कि मेराज पर शस्त्र लाइसेंस के नवीनीकरण में फर्जीवाड़ा, दूसरों के नाम पर जारी शस्त्र रखने और लाइसेंस रद होने के बाद भी असलहे न जमा करने के आरोप में कई मुकदमे दर्ज हैं. एसएसपी ने बताया कि मेराज की धरपकड़ के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही थी. फरार चल रहे मेराज की संपत्ति कुर्क करने की कार्यवाही की जा रही थी। इससे परेशान होकर मेराज पुलिस चौकी पहुंच गया.

वाराणसी: फांसी के फंदे से लटका मिला स्कूल कर्मचारी, ट्रांसफर होने से था परेशान

दरअसल मेराज का फर्जीवाड़ा ट्रेजरी चालान की एक रसीद पर पड़ी तारीख से खुला था. आपको बता दें कि लाइसेंस के नवीनीकरण में थाने की रिपोर्ट, मुहर के साथ ही ट्रेजरी की चालान की रसीद भी लगानी पड़ती है. एसएसपी ने बताया कि ट्रेजरी के चालान की जो रसीद लगाई गई थी, वह 6 जनवरी 2019 की थी.  जबकि उस दिन रविवार था. ऐसे में इस दिन ट्रेजरी चालान जारी ही नहीं हो सकता.

वाराणसी: स्मृति ईरानी के सामने सपा महिला मोर्चा के सदस्यों ने किया प्रदर्शन

गौरतलब है कि मेराज के चौकी पर हाजिर होने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ. वायरल वीडियो में दिख रहा है कि वह सफेद रंग की स्कार्पियो के बगल से अपने लोगों के साथ सीधे चौकी जाता है. चौकी पर बैठे पुलिसकर्मियों का हाव-भाव भी चौंकने वाला नहीं था. चौकी में पहुंचने से लेकर वहां बैठने तक, इसके बाद जैतपुरा थाने तक जाने के दौरान भी उसके करीबी वीडियो बनाते रहे. वहीं पुलिस का दावा था कि वह रहम करने के लिए गिड़गिड़ाते हुए चौकी पहुंचा. पुलिस शाम को मेराज को लेकर यातायात विभाग के सभागार पहुंची.  इस दौरान चर्चा रही कि मेराज को पुलिस लाइन ले जाया जाना है. जिस कारण मेराज के करीब 50 से 60 करीबी पुलिस लाइन के पास घंटे भर जुटे थे.

आज का अखबार नहीं पढ़ पाए हैं।हिन्दुस्तान का ePaper पढ़ें |

अन्य खबरें