FB पर डॉक्टरों की योग्यता पर सवाल करने वाले BHU प्रोफेसर मुसीबत में, जानें मामला

Smart News Team, Last updated: Mon, 17th May 2021, 11:49 AM IST
  • फेसबुक पोस्ट के माध्यम से डॉक्टरों की योग्यता पर सवाल उठाना बीएचयू प्रोफेसर के लिए भारी पड़ गया. उनके खिलाफ एसटी-एससी स्टूडेंट्स ऑर्गनइजिंग कमिटी के संयोजक चंदन सागर ने ट्विटर पर वाराणसी पुलिस को शिकायत की है. जिसके बाद पुलिस ने इस मामले की जांच करके कार्रवाई करने को कहा है.
FB पोस्ट पर डॉक्टरों की योग्यता पर सवाल उठाने वाले बीएचयू प्रोफेसर की मुश्किलें बढ़ी

वाराणसी. कोरोना काल में देश के सभी डॉक्टर अपनी जान को खतरे में डाल कर कोविड मरीजों का इलाज कर रहे है. लेकिन इसी बीच बनारस हिंदू विश्वविद्यालय के एक प्रोफेसर ने डॉक्टरों की योग्यता पर फेसबुक पोस्ट के माध्यम से सवाल उठा दिया. जिससे सोशल मीडिया पर हड़कंप मच गया. वहीं यूनिवर्सिटी के कई छात्र संगठनों ने भी इसका विरोध किया. जिसके बाद वाराणसी पुलिस ने इस मामले की जांच करके आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए है

बीएचयू के सोशल साइंस फैकल्टी के डीन कौशल किशोर मिश्र की फेसबुक पोस्ट ने उनकी मुसीबतों को अब बढ़ा दिया है. अपनी पोस्ट में उन्होंने डब्ल्यूएचओ का हवाला देते हुए बताया था कि भारत के 60 प्रतिशत डॉक्टर अयोग्य है. उन्होंने लिखा था कि डब्‍ल्‍यूएचओ ने कहा है कि भारत के 60 फीसदी डॉक्टर अयोग्य हैं. अब उन्‍हें कौन बताए कि यहां डॉक्‍टर योग्यता से नहीं, बाबा साहब के संविधान की वजह से बनते हैं. जिसके बाद ट्विटर के माध्यम से एसटी-एससी स्टूडेंट्स ऑर्गेनाइजिंग कमिटी के संयोजक चंदन सागर ने इसकी शिकायत वाराणसी पुलिस से कर दी.

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चंदन सागर की शिकायत के अनुसार 13 मई को बाबा साहब भीमराव अंबेडकर की छवि को धूमिल करने के लिए बीएचयू प्रोफेसर ने फेसबुक पर पोस्ट की थी. जिसमें प्रोफेसर ये बताना चाहते थे कि भारत के 60 फीसदी डॉक्टर बाबा साहब की वजह से नाकाबिल है, जो कि पूरी तरह से गलत तथ्य है. इस प्रकार की पोस्ट से जातीय दुर्भावना और द्वेष फैलता है. इसलिए हमारी मांग है कि समाज में जातिगत द्वेष फैलाने वाले बीएचयू प्रोफेसर कौशल किशोर मिश्र पर पुलिस कार्रवाई करें. यह शिकायत मिलने के बाद एसीपी भेलूपुर को मामले की जांच करके कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है.

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