खुद को जिंदा साबित करने में लगा संतोष सिंह, NHRC ने डीएम से मांगी रिपोर्ट

Smart News Team, Last updated: Sat, 3rd Apr 2021, 4:06 PM IST
  • बॉलीवुड एक्टर नाना पाटेकर के रसोइयां रहे वाराणसी के संतोष सिंह के मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने डीएम से रिपोर्ट मांगी है. NHRC ने जिंदा संतोष सिंह को दस्तावेज़ों में मृत घोषित करने पर रिपोर्ट तलब की है.
NHRC ने मांगी रिपोर्ट

वाराणसी: बॉलीवुड एक्टर नाना पाटेकर के रसोइयां रहे वाराणसी के संतोष सिंह के मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने डीएम से रिपोर्ट मांगी है. NHRC ने एक याचिका की सुनवाई के दौरान जिंदा संतोष सिंह को दस्तावेज़ों में मृत घोषित करने पर रिपोर्ट तलब की है.

आपको बता दें कि चौबेपुर इलाके में छितौनी के रहने वाले संतोष सिंह पिछले 18 सालों से अपने आप को जिंदा साबित करने के लिए संघर्ष कर रहे हैं. साल 1988 में एक फिल्म की शूटिंग के दौरान संतोष ने अपने हाथ से खाना बनाकर नाना पाटेकर को खिलाया था. इसके बाद संतोष साल 2000 में मुंबई चला गया.

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साल 2003 में जब संतोष वापस गांव आया तो उसे पता चला कि उसके रिश्तेदारों ने कागजों में उसे मृत दिखाकर उसकी 12.5 एकड़ जमीन पर अपना कब्जा जमा लिया. तब से संतोष लोगों को अपने जिंदा होने का सबूत दिलाने के लिए संघर्ष कर रहा है. संतोष के मुताबिक इसके लिए वो प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री तक से गुहार लगा चुका है.

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वहीं इस मामले में वाराणसी के डीएम कौशल राज शर्मा का कहना है कि NHRC के आदेश के बाद उच्च अधिकारियों से इस प्रकरण की जांच कराई जाएगी. जांच कराने के बाद रिपोर्ट NHRC को दी जाएगी. इस मामले में जो कोई भी दोषी होगा उसपर कार्रवाई की जाएगी.

 

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