होली पर शराब तस्करी से निपटने के लिए रेलवे पुलिस की मदद कर रही 'लाली'

Smart News Team, Last updated: Sat, 27th Mar 2021, 9:12 PM IST
  • 'लाली' डॉग टीम की मेंबर है, जो ट्रेनों में शराब तस्करों को पकड़ने में पुलिस की मदद कर रही है. रेल मार्ग से होने वाली शराब तस्करी को रोकने के लिए रेलवे पुलिस के जवान और पदाधिकारी के साथ स्निफर डॉग 'लाली' की भी मदद ली जा रही है. दरअसल, 'लाली' की खासियत है कि बैग को सूंघ कर ही पता लगा लेगी कि बैग के अंदर शराब है या नहीं.
ट्रेनों के जरिए होने वाली शराब की तस्करी पर विशेष विशेष नजर रखी जा रही है. (प्रतिकात्मक फोटो)

वाराणसी. बिहार में बीते 5 सालों से शराबबंदी है. लेकिन सड़क, नदी और रेल मार्ग से उत्तर प्रदेश से बिहार में शराब तस्करी की खबरें आती रहती हैं. अब इस पर नकेल कसने वाला है. अब रेल महकमा भी शराब तस्करी रोकने को लेकर एक्टिव हो गया है. ट्रेनों के जरिए शराब की तस्करी रोकने के लिए अब 'लाली' पुलिस की मदद करेगी. दरअसल, 'लाली' डॉग टीम की मेंबर है, जो ट्रेनों में शराब तस्करों को पकड़ने में पुलिस की मदद कर रही है.

बताते चलें कि रेल मार्ग से होने वाली शराब तस्करी को रोकने के लिए रेलवे पुलिस के जवान और पदाधिकारी के साथ स्निफर डॉग 'लाली' की भी मदद ली जा रही है. दरअसल, 'लाली' की खासियत है कि बैग को सूंघ कर ही पता लगा लेगी कि बैग के अंदर शराब है या नहीं. बिहार के रेलवे पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार सिंह ने छपरा जंक्शन पर स्निफर डॉग लाली को तैनात किया है.

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इसके अलावा बलिया, गोरखपुर, देवरिया, सीवान जैसे स्टेशनों पर भी पुलिस की टीम शराब तस्करी रोकने के लिए विशेष नजर रख रही है. रेलवे के अधिकारी बताते हैं कि होली को लेकर बिहार और यूपी दोनों तरफ की टीम एक साथ काम कर रही है. इस दौरान स्टेशन और ट्रेनों में संदिग्ध लोगों पर विशेष नजर रखी जा रही है.

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