वाराणसी में परेशान किसान ने कुर्ते पर लिखकर जताया विरोध, जानें मामला

Smart News Team, Last updated: 03/03/2021 12:29 PM IST
वाराणसी के तहसील राजातलाब पर जनसुनवाई के दौरान मंगलवार को किसान अशोक दुबे ने दस बार प्रार्थना पत्र देने के बाद भी सुनवाई नहीं होने पर कुर्ते के पीछे लिखकर अनोखे अंदाज में विरोध जताया. किसान अशोक ने कहा कि बाबतपुर-भदोही फोरलेन में जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया किसानों को मुआवजा दिए बिना शुरू कर दी है.
किसान अशोक दुबे

वाराणसी. तहसील राजातलाब पर जनसुनवाई के दौरान मंगलवार को एक किसान ने दस बार प्रार्थना पत्र देने के बाद भी सुनवाई नहीं होने पर कुर्ते के पीछे लिखकर अनोखे अंदाज में विरोध जताया. इस किसान का नाम अशोक दुबे है और वह कपसेठी का रहने वाला है. 

किसान अशोक दुबे ने आरोप लगाया कि लगातार शिकायत करने के बाद भी सुनवाई नहीं हो रही. लेखपाल ने मनमाने तरीके से रिपोर्ट लगा दी है. आगे उन्होंने बताया कि जनसुनवाई के दौरान अभी तक दस बार प्रार्थना पत्र पर दे चुका हूँ लेकिन फिर भी सुनवाई नहीं हुई. इसी वजह से अधिकारियों का ध्यान दिलाने के लिए कुर्ते पर लिखने का कदम उठाया. 

BHU गेट पर धरना दे रहे 5 छात्रों को पुलिस ने किया गिरफ्तार, धरना स्थल खाली कराया

किसान अशोक दुबे ने कहा कि बाबतपुर-भदोही फोरलेन में जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया किसानों को मुआवजा दिए बिना शुरू कर दी गई है. आरोप लगाया कि लेखपाल की मनमाने तरीके से रिपोर्ट लगाने के बाद  हाई कोर्ट से जांच हुई थी. इसके बाद सही रिपोर्ट लगाने के बाद भी लेखपाल नहीं सुन रहा है. किसानों ने कहा कि लेखपाल ने रिश्वत भी मांगी थी. इस पूरे मामले की शिकायत मुख्यमंत्री योगी आदित्यानाथ को भी की जा चुकी है. 

इंसाफ नहीं मिला तो बुजुर्ग ने तहसील में खाया जहर, हुए अस्पताल से भी लापता

जनसुनवाई में दौरान कई लोगों ने शिकायत की कि तालाब का पट्टा का कर्मचारियों ने बिना विज्ञापन और प्रक्रिया के अपने मन मुताबिक कर दिया है. बता दें कि 23 फरवरी को ही राजातलाब तहसील पर एक व्यक्ति ने जहरीला पदार्थ पी लिया था.  

आज का अखबार नहीं पढ़ पाए हैं।हिन्दुस्तान का ePaper पढ़ें |

अन्य खबरें