इंटरनेशनल व्यापार में अब बनारस के व्यापारी भी दे रहे हैं चीन को मात

Smart News Team, Last updated: 14/10/2020 04:10 PM IST
  • विदेशी निर्यात की माँग बढ़ने के कारण देश के साथ साथ अध्यात्म नगरी काशी के व्यापार में भी सुधार और उन्नति हो रही है. बनारस के व्यापारियों के पास तमाम देशों से निर्यात की माँग बढ़ गयी और चीन को टक्कर देने के लिए देश के व्यापारियों के साथ कंधा मिलाकर काशी के व्यापारी भी मजबूती से खड़े हो गए हैं.
अब बनारस के प्रोडक्ट की होगी देश विदेश में मांग

वाराणसी. एक तरफ गलवन घाटी में चीन के खिलाफ बढ़ता भारतीयों का आक्रोश और चीन द्वारा उपजी वैश्विक स्तर महामारी कोरोना वायरस की वजह से अन्य देशों की बेरुखी से जहाँ चायना के व्यापार पर संकट खड़ा हो गया है. इस वजह से विदेशी निर्यात की माँग बढ़ने के कारण देश के साथ साथ अध्यात्म नगरी काशी के व्यापार में भी सुधार और उन्नति हो रही है. बनारस के व्यापारियों के पास तमाम देशों से निर्यात की माँग बढ़ गयी और चीन को टक्कर देने के लिए देश के व्यापारियों के साथ कंधा मिलाकर काशी के व्यापारी भी मजबूती से खड़े हो गए हैं. इसकी वजह यह है कि पहले जो देश चीन से जरूरी सामान आयात करते थे अब उनका रुख भारत की तरफ हो गया है. अमेरिका द्वारा चीन पर 20 प्रतिशत की निर्यात ड्यूटी लगा देने से भारत से विदेशों की निर्यात में हुई अचानक बढ़ोत्तरी का श्रेय अमेरिका को भी दिया जा सकता है. चीन पर भार बढऩे के बाद भारतीय निर्यात क्षेत्र में सुधार हुआ है और वाराणसी के कारोबार क्षेत्र में भी नई उम्मीदें जागी हैं.

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इन सबका फायदा यह हुआ है कि अब बनारस के प्रोडक्ट की भी विदेशों में मांग बढ़ी है और कुछ महीने में ही निर्यात 35 से 50 प्रतिशत तक बढ़ गया है. वहीं अमेरिका के अलावा कनाडा, ऑस्ट्रेलिया, स्पेन व रूस आदि देशों से माँग दुगनी हो गयी है और लगभग पचास करोड़ का निर्यात किया जा सका है.

व्यवसायियों का संगठन आईआईए के उपाध्यक्ष आर के चौधरी के अनुसार दो माह से कारोबार में अच्छा उछाल आया है यदि यही हाल रहा तो देश का कारोबार और बढ़ेगा. बनारस इंडस्ट्रियल एन्ड ट्रेड असोसिएशन के प्रेसिडेंट अशोक गुप्ता ने बताया कि अमेरिका द्वारा चीन पर अंकुश लगाने के बाद फैंसी ग्लास, ग्लास बीड्स व आर्टिफिशियल ज्वैलरी का निर्यात 35 प्रतिशत तक बढ़ा है. यदि भारत भी आयात ड्यूटी बढ़ा दे तो व्यापार और बढ़ेगा व चीन का व्यापार बुरी तरह प्रभावित होगा.

 

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